तीन तरह के
- डेस्कटॉप (ऑफ़लाइन): एक कंप्यूटर पर इंस्टॉल। बिना इंटरनेट चलता है। डेटा उसी कंप्यूटर पर।
- क्लाउड (ऑनलाइन): ब्राउज़र या ऐप में चलता है। डेटा सर्वर पर। इंटरनेट बंद तो बंद।
- ऑफ़लाइन बिलिंग वाला क्लाउड: डेटा सर्वर पर, और काउंटर बिना इंटरनेट भी बिल बनाता है, इंटरनेट लौटने पर भेज देता है।
आमने-सामने
| डेस्कटॉप | सिर्फ़ क्लाउड | क्लाउड + ऑफ़लाइन | |
|---|---|---|---|
| बिना इंटरनेट बिल | हाँ | नहीं | हाँ |
| कंप्यूटर ख़राब हो तो भी डेटा सुरक्षित | सिर्फ़ अपने बैकअप से | हाँ | हाँ |
| फ़ोन पर बिक्री देखें | नहीं | हाँ | हाँ |
| कई काउंटर और ब्रांच | मुश्किल | हाँ | हाँ |
| अपडेट | अक्सर पैसे लगते हैं | शामिल | शामिल |
| ख़र्च | एक बार + सालाना सपोर्ट | सालाना या मासिक | सालाना या मासिक |
आम तौर पर क्या गड़बड़ होती है
डेस्कटॉप सॉफ़्टवेयर में दिक़्क़त कंप्यूटर की होती है: हार्ड डिस्क ख़राब हुई या वायरस आया, और किसी ने बैकअप नहीं लिया था, तो सालों के बिल और ग्राहक चले गए। सिर्फ़ क्लाउड वाले में दिक़्क़त इंटरनेट की: शाम की भीड़ में कनेक्शन गया और काउंटर बिल नहीं बना पाता।
कौन-सा चुनें
एक काउंटर वाली और बढ़ने की योजना न रखने वाली दुकान के लिए, पेन ड्राइव पर रोज़ बैकअप के साथ डेस्कटॉप सॉफ़्टवेयर चल सकता है। व्यस्त दुकान, एक से ज़्यादा काउंटर, या घर से बिक्री देखना चाहने वाले मालिक के लिए ऑफ़लाइन बिलिंग वाला क्लाउड चुनें: काउंटर कभी नहीं रुकता, और डेटा कभी सिर्फ़ दुकान में नहीं रहता।